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Class 10th Bharati Bhawan Geography | Chapter 5 Mineral Resources | कक्षा 10वीं अध्याय 5 खनिज संसाधन अतिलघु और लघु उत्तरीय प्रश्न

Class 10th Bharati Bhawan Geography  Chapter 5 Mineral Resources  कक्षा 10वीं अध्याय 5 खनिज संसाधन अतिलघु और लघु उत्तरीय प्रश्न
Class 10th Bharati Bhawan Geography
Class 10th Bharati Bhawan Geography Chapter 5 Mineral Resources
अतिलघु उत्तरीय प्रश्न
 

प्रशन 1:-- पीतल और कांसे में किस मूल धातु का उपयोग होता है?

उत्तर:-- पीतल में तांबा और जस्ता नामक मूल धातु का उपयोग होता है जबकि कांसे बनाने के लिए तांबे में टिन की मिलावट की जाती है।

प्रशन 2:-- जहाजों के ढांचे के निर्माण में किस धातु का उपयोग होता है?

उत्तर:-- जहाजों के ढांचे के निर्माण में बॉक्साइट धातु का उपयोग होता है।

प्रशन 3:-- स्टेनलेस  स्टील में लोहे के साथ किस धातु को मिलाया जाता है?

उत्तर:-- स्टेनलेस स्टील में लोहे के साथ निकेल धातु को मिलाया जाता है।

प्रशन 4:-- क्लोरीन, ब्रोमीन और आयोडीन का सामूहिक नाम क्या है?

उत्तर:-- क्लोरीन, ब्रोमीन और आयोडीन का सामूहिक नाम हैलोजन है।

प्रशन 5:-- दक्षिण अमरीकी देश अर्जेंटीना का नाम किस धातु की उपलब्धता के कारण रखा गया है?

उत्तर:-- दक्षिण अमरीकी देश अर्जेंटीना का नाम चांदी धातु के अयस्क  अर्जेटाइन की उपलब्धता के कारण रखा गया है।

कक्षा 10वीं अध्याय 5 खनिज संसाधन अतिलघु और लघु उत्तरीय प्रश्न

लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रशन 1:-- खनिज से क्या तात्पर्य है ? खनिज के दो वर्ग कौन-कौन है? उनके उदाहरण दें।

उत्तर:-- भूतत्ववेत्ताओं के अनुसार प्रकृति में स्वत: पाए जाने वाले  ऐसे पदार्थ जिनकी एक निश्चित आंतरिक संरचना होती है, खनिज कहलाते हैं। ये चट्टानों में अयस्क के रूप में पाए जाते हैं। इसकी उत्पत्ति पृथ्वी के अंदर विभिन्न भू वैज्ञानिक प्रक्रियाओं द्वारा होती है। यह एक प्राकृतिक और अनवीकरणीय संसाधन है। इसे मनुष्य द्वारा बनाया नहीं जा सकता है।

*सामान्यतः खनिज दो प्रकार के होते हैं:--

(1) धात्विक खनिज:-- ऐसे खनिज होते जिन्हें शुद्ध करने के बाद चूर्ण बनाकर इच्छित  रूप में ढाला जा सकता है। इसमें कठोरता और चमक होती है जैसे सोना, चांदी, लोहा, तांबा, बॉक्साइट आदि। धात्विक खनिजों को पुनः लौह तथा अलौह खनिजों में बांटा गया है।

(2) अधात्विक खनिज:-- इसमें चमक और कठोरता नहीं होती है। कूटने या पीटने पर यह पाउडर में बदल जाते हैं। उदाहरण के रूप में चुना, पत्थर, नाइट्रोजन, पोटाश , डोलोमाइट, अभ्रक, जिप्सम आदि।

प्रशन 2:-- किन अधात्विक खनिजों का उपयोग उर्जा उत्पन्न करने के लिए किया जाता है? किन्ही दो धात्विक खनिजों का महत्व बताएं।

उत्तर:-- उर्जा उत्पन्न करने के लिए कोयला, पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस, अभ्रक ,पोटाश तथा नाइट्रेट जैसे अधात्विक खनिजों का उपयोग किया जाता है। बॉक्साइट एक धात्विक खनिज है जिसका उपयोग वायु के निर्माण में किया जाता है। सोना भी एक धात्विक खनिज है जिसका उपयोग बहुमूल्य आभूषण बनाने में किया जाता है। इसलिए इसका महत्व बहुत अधिक है।

प्रशन 3:-- भारत का लौह भंडार कितना आंका गया है? उच्च कोटि के दो लौह अयस्क कौन-कौन है?

उत्तर:-- भारत में लौह अयस्क का संचित भंडार 25,249 मिलियन टन  आंका गया है । यह सारे संसार के ज्ञात लौह भंडार का एक चौथाई है। रूस, ब्राजील और ऑस्ट्रेलिया के बाद सबसे बड़ा भंडार भारत में ही है। यहां का लौह अयस्क सर्वोच्च कोटि का है जिसमें शुद्ध लोहे का अंश 60—70% तक होता है। हेमाटाइट और मैग्नेटाइट उच्च कोटि के लौह अयस्क है।

प्रशन 4:-- भारत के प्रमुख लौह क्षेत्र कौन-कौन हैं? कुछ खदानों का भी नामोल्लेख करें जो लौह  उत्पादन की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।

उत्तर:-- भारत के दो प्रमुख लौह क्षेत्र कर्नाटक और छत्तीसगढ़ है। कर्नाटक राज्य भारत का लगभग एक चौथाई लोहा उत्पन्न करता है। छत्तीसगढ़ देश का पूरा लोहा उत्पादक राज्य है जो देश का करीब 20% लोहा उत्पन्न करता है। कर्नाटक में बेल्लारी, हॉस्पेट , सुदूर क्षेत्रों में  लौह अयस्क की  खानें हैं। वहीं छत्तीसगढ़ में दंतेवाड़ा जिले का बैलाडीला तथा दुर्गा जिले के दि

डल्ली एवं राजहरा प्रमुख लौह उत्पादक खाने हैं । उड़ीसा देश का 19% लोहा उत्पादन करता है । यहां की प्रमुख खानें गुरुमाहिषानी, बादम पहाड़ (मंगूरभंज) एवं किरीबुरू खाने हैं। गोवा देश का 16% लोहा उत्पादन करता है। यहां की प्रमुख खानें साहक्वालिम , संगचूम,क्यूपेम,  सतारी ,पौडा एवं वियोलिम स्थित है। महाराष्ट्र की लौह अयस्क की खाने चंद्रपुर रत्नागिरी और भंडारा जिलों में स्थित। आंध्र प्रदेश के कुसीमनगर, वारंगल, कुरनूल , कड़प्पा आदि लौह अयस्क के उत्पादक क्षेत्र है। जबकि तमिलनाडु में तीर्थ मल्लाई पहाड़ियों (सलेम) एवं यादपल्ली (नीलगिरी) क्षेत्र के लोहे के भंडार हैं।

प्रशन 5:-- मैंगनीज उत्पादक चार राज्यों के नाम लिखें। सबसे महत्वपूर्ण उत्पादक कौन राज्य है ? वहां की किन्ही पांच खानों का नाम उल्लेख करें ।

उत्तर:-- भारत में 379 मिलियन टन मैंगनीज का भंडार है जो विश्व के कुल मैंगनीज भंडार का 20% है। मैंगनीज उत्पादन में भारत का स्थान विश्व में दूसरा है। मैंग्नीज  उत्पादक राज्य उड़ीसा, कर्नाटक, मध्य प्रदेश , महाराष्ट्र है। मैंगनीज़ का सबसे महत्वपूर्ण उत्पादक राज्य उड़ीसा में क्योंझर , कालाहांडी (बोनाईगढ़) ,सुंदरगढ़ (गंगापुर क्षेत्र), मयूरभंज और तालचार इत्यादि में मैंगनीज उत्पादक खाने हैं। इसके अतिरिक्त कर्नाटक में चित्रदुर्ग, तुमकुर, शिमोगा, चिकमंगलूर, बिल्लारी, बेलगाम, उत्तरी कन्नड़ तथा धारवाड़ इत्यादि मैंगनीज उत्पादक खानें हैं। मध्य प्रदेश में बालघाट, छिंदवाड़ा, जबलपुर और झाबुआ इत्यादि मैंगनीज़ उत्पादक खानें हैं महाराष्ट्र में नागपुर और भंडारा इत्यादि मैंगनीज उत्पादक खानें हैं।

प्रशन 6:-- मैंगनीज और अबरकक के दो-दो निर्यातक  पत्तनों के नाम लिखें। अबरक का उत्पादन पिछले दशकों में बढ़ा है या घटा है? उत्पादन  के आंकड़े देकर अपने कथन की पुष्टि करें।

उत्तर:-- मैंगनीज के दो निर्यातक मुंबई और विशाखापट्टनम में है तथा अभ्रक के दो निर्यातक पत्तन कोलकाता और चेन्नई है। अबरक के उत्पादन में भारत एक अग्रणी देश था। लेकिन कुछ दशकों से इसका वार्षिक उत्पादन दिनोंदिन   घटता जा रहा है । 1961 में जहां कुल उत्पादन 28000 टन हुआ वहां 1971 में 18000 टन और 1991 में 14000 टन जिसमें 10000 टन चूर्ण  भी सम्मिलित है। 1966 में इसका उत्पादन 4000 टन और 2000 में इसका उत्पादन 2 टन  हजार ही हुआ। अतः भारत में अबरक का उत्पादन घटता जा रहा है। इसलिए इसके संरक्षण के लिए उपाय करना चाहिए।

प्रशन 7:-- बॉक्साइट किस तरह एक उपयोगी खनिज है? इसकी प्राप्ति किन चट्टानों से होती हैं? झारखंड के किन जिलों में इसकी विकसित खानें हैं? 

उत्तर:-- बॉक्साइट से एल्युमिनियम निकाला जाता है जिसका उपयोग वायुयान बनाने, बिजली का तार बनाने तथा बर्तन में किया जाता है। इसका उपयोग सीमेंट बनाने और खनिज तेल साफ करने में भी किया जाने लगा है।

बॉक्साइट की प्राप्ति लेटराइट चट्टान से होती है। बॉक्साइट का बड़ा भंडार झारखंड के पलामू और लोहरदगा जिले में पाया जाता है जहां से निकालकर रेल मार्ग द्वारा मुरी पहुंचाया जाता है। यहां की खानें विकसित है। भारत बॉक्साइट का निर्यात जापान, ब्रिटेन और जर्मनी को करता है।

प्रशन 8:-- तांबा भारत के किन-किन क्षेत्रों में मिलता है? इसके वितरण और उपयोग पर प्रकाश डालें।

उत्तर:-- भारत में तांबा मुख्य रूप से मध्यप्रदेश, झारखंड, राजस्थान, आंध्र प्रदेश, सिक्किम राज्यों में मिलता है। इस का सर्वाधिक उत्पादन झारखंड और राजस्थान में किया जा रहा है। झारखंड में इसकी खानें सिंहभूम जिले के घाटशिला के पास है। पलामू जिले में भी इसके विशाल भंडार मिले हैं। राजमहल क्षेत्र में भी तांबे के भंडार का पता चलता है। राजस्थान में झुंझुनू और अलवर जिले में तांबे की खानें हैं। भारत तांबा उत्पादन में आत्मनिर्भर नहीं है। भारत तांबा का आयातक देश है।

तांबा बिजली का सुचालक है अतः बिजली के तार, बल्ब, मोटर, इंजन, रेडियो आदि में इसका उपयोग किया जाता है। पहले  घरेलू बर्तन और सिक्के भी बनाए जाते थे। तांबा और जस्ता मिलाकर पीतल बनाया जाता है। साथ ही तांबा में टिन मिलाने पर कांसा  तैयार होता है।

प्रशन 9:-- निम्नांकित से संबंध एक - एक खनिज का नाम लिखें।

(1) बाबाबूदन पहाड़ी (2) बगरू पहाड़ी (3) डल्ली राजहरा (4) घाटशिला (5)वैलाडीला (6) कोडरमा (7) रियासी क्षेत्र ।

उत्तर:--(1) बाबाबुदन पहाड़ी:--लौह अयस्क

(2) बगरू पहाड़ी:---बॉक्साइट

(3) दल्ली राजहरा :--- लौह अयस्क

(4) घाटशिला:--तांबा

(5) वैलाडीला:--लौह अयस्क 

(6) कोडरमा:-- अभ्रक

(7) रियासी क्षेत्र:---तांबा ।

प्रशन 10:-- मैंगनीज का भंडार किन राज्यों में मुख्य रूप से मिलते हैं?

उत्तर:-- भारत में विश्व का 20% मैंगनीज का भंडार है। उत्पादन में रूस एवं दक्षिणी अफ्रीका के बाद यह विश्व का तीसरा सबसे बड़ा देश है। भारत में मैंगनीज का भंडार उड़ीसा, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक एवं आंध्रप्रदेश राज्यों में है। अकेले उड़ीसा देश का 37% मैंगनीज उत्पादन करता है।

प्रशन 11:-- किन्हीं चार राज्यों के नाम लिखें जहां बॉक्साइट मिलता है।

उत्तर:-- भारत में लगभग 3037 मिलियन टन  बॉक्साइट के भंडार उपलब्ध है। इसका भंडार मुख्य रूप से उड़ीसा, गुजरात, छत्तीसगढ़ और झारखंड में है। इसके अतिरिक्त महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु एवं उत्तर प्रदेश में फैला हुआ है। भारत का 42% बॉक्साइट का उत्पादन अकेला उड़ीसा राज्य करता है। इसके प्रमुख उत्पादक क्षेत्र कालाहांडी, बालांगीर , कोरापुट , सुंदरगढ़ तथा संभलपुर है। गुजरात में 17.35% बॉक्साइट का उत्पादन होता है। झारखंड में 14% बॉक्साइट का उत्पादन रांची, लातेहार, पलामू, लोहरदगा जिलों में होता है ।

प्रशन 12:-- भारत में अबरक उत्पादक राज्य कौन-कौन है? अबरक किस प्रकार उपयोगी है? 

उत्तर:-- भारत में अबरक उत्पादक राज्य हैं---झारखंड, आंध्र प्रदेश, राजस्थान, बिहार, केरल ,कर्नाटक। इनमे झारखंड, आंध्र प्रदेश एवं राजस्थान सर्वाधिक उत्पादक राज्य है। झारखंड अकेले देश का 50% अबरक  उत्पादन करता है । यहां अच्छे किस्म का अबरक हजारीबाग, संथाल, परगना, सिंहभूम एवं पलामू जिले से निकाला जाता है। प्रसिद्ध खानें कोडरमा, डोमचांच, इसरी इकाई आदि में है। बिहार में नवादा, गया और मुंगेर जिले में पाया जाता है। राजस्थान में जयपुर, उदयपुर में अबरक  पाया जाता है।

अबरक एक बहुपयोगी खनिज है। इसका उपयोग  विद्युत उपकरणों रंग रोगन चिकनाई के तेल, वायुयान और रेडियो निर्माण में किया जाता है। अबरक के चूर्ण से ईट बनाई जाती है जिसका उपयोग इस्पात कारखाने की भट्टी तैयार करने में किया जाता है।

प्रशन 13:-- किन्हीं दो अलौह धात्विक खनिजों के नाम लिखें।

उत्तर:-- बॉक्साइट और टिन दो अलौह  धात्विक खनिज है। इसके अलावा सोना, चांदी, तांबा भी अलौह   धात्विक खनिज है।

प्रशन 14:-- गोवा किस खनिज के उत्पादन और व्यापार के लिए प्रसिद्ध है? 

उत्तर :--  गोवा मैंग्नीज खनिज के उत्पादन और व्यापार के लिए प्रसिद्ध है।

प्रशन 15:-- लौह एवं अलौह खनिज में अंतर स्पष्ट करें।

उत्तर:-- (1) लौह खनिज:-- इसमें लौह का अंश पाया जाता है। जैसे---लौहा अयस्क, मैंगनीज, क्रोमाइट, पाइराइट, टंगस्टन, निकेल और कोबाल्ट लौह  खनिज के अंतर्गत आते हैं। इनका उपयोग विभिन्न प्रकार के इस्पात बनाने में किया जाता है ।

(2) अलौह खनिज:-- इसमें लौह अंश नहीं पाया जाता है। जैसे-- सोना, चांदी, तांबा, जस्ता, अभ्रक, बॉक्साइट,  टिन, मैग्नीशियम आदि इसका उपयोग जेवर, सिक्के, बर्तन, बक्सा, तार आदि बनाने में किया जाता है।

प्रशन 16:-- खनिजों का संरक्षण क्यों आवश्यक है?

उत्तर:--  खनिजों का भंडार सीमित होता है। ये समाप्त होने वाला संसाधन है। यदि खनिजों का उपयोग अविवेकपूर्ण ढंग से किया गया तो जल्द ही इनके भंडार सीमित हो जाएंगे और आगे विकास अवरुद्ध हो जाएगा। अतः  आवश्यकता इस बात की है कि इसका उपयोग कुछ इस तरह करना चाहिए कि भावी पीढ़ी के लिए भी खनिज उपलब्ध रह सके। खनिजों के संरक्षण की आवश्यकता इसलिए भी होती है कि खनिजों का संरक्षण करने से मनुष्य को भविष्य में खनिजों की कमी महसूस नहीं होगी और उन्हें भविष्य में अच्छे खनिजों की प्राप्ति होगी। अतः खनिजों का संरक्षण आवश्यक है।

प्रशन 17:-- किन राज्यों में स्वर्ण भंडार मिले हैं? सोने का उत्पादन मुख्य रूप से कहां हो रहा है? इसका वार्षिक उत्पादन कितना है?

उत्तर:-- सोना एक बहुमूल्य धातु है। कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और झारखंड इत्यादि राज्यों में इसके भंडार हैं। सोने का उत्पादन मुख्य रूप से कर्नाटक की कोलार तथा हटटी खानों में हो रहा है ।1951 में इसका वार्षिक उत्पादन 7,000 kg और  2000 में इसका वार्षिक उत्पादन 2,442 kg है  । अतः सोने के वार्षिक  उत्पादन में कमी होती जा रही है।

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